Computer Network क्या है? जानिए हिंदी में

दोस्तों, आज हम बात करने वाले हैं Computer Network के बारे में। आज कंप्यूटर का इस्तेमाल हर जगह हो रहा है, चाहे फिर वह घर हो ऑफिस, स्कूल हो या कॉलेज, सभी जगह कंप्यूटर का तेजी से इस्तमाल हो रहा है। ऐसे में आपका कंप्यूटर नेटवर्क के बारे में जानकारी होना आवश्यक है।

कई लोग ऐसे भी हैं, जो इस विषय में जानते होंगे, लेकिन अगर आप Computer Networking के बारे में नहीं जानते तो, आज हम आपको इस विषय में संपूर्ण जानकारी देने वाले हैं। आज हम बात करने वाले हैं, कंप्यूटर नेटवर्क क्या है? कंप्यूटर नेटवर्क के कितने प्रकार के होते हैं, यह कैसे काम करता है, इत्यादि। 

तो चलिए दोस्तों बिना देरी किए शुरू करते हैं, और जानते हैं कि कंप्यूटर नेटवर्क क्या है?इसी के साथ अगर आपको कंप्यूटर के Full Form के बारे में नहीं पता तो इस पोस्ट को जरूर पढ़े- Computer full form in hindi, जानिए कंप्यूटर का फुल फॉर्म हिंदी में

कंप्यूटर नेटवर्क क्या है? What is Computer Network

Computer Network में नेटवर्क शब्द का अर्थ होता है जुड़ना, और Computer Network का मतलब होता है, किसी भी कंप्यूटर को किसी अन्य कंप्यूटर/हार्डवेयर के साथ जोडना, ताकि वे आसानी से एक दूसरे के साथ कम्युनिकेट कर सके और एक दूसरे के साथ डांटा ट्रांसफर कर सकें, और इसी को हम Computer Network कहते हैं। 

दूसरे शब्दों में कहें तो एक नेटवर्क दो या दो से ज्यादा यूजर को या फिर कंप्यूटर को आपस में जोड़ने का काम करता हैं, जिसमें कंप्यूटर और यूज़र आपस में जो जोड़ दिया जाते हैं, ताकि वहां आसानी से कम्युनिकेशन और डाटा ट्रांसफर कर सकें। 

दोस्तों, आपको बता दें कंप्यूटर को आपस में जोड़ने के लिए Cabling की जाती है, और इसके लिए Ethernet या फिर Optical Fiber केबल का उपयोग किया जाता है।

इसी के साथ वायरलेस यानी Radio waves के द्वारा भी कंप्यूटर को आपस में जोड़ा जा सकता है। कंप्यूटर नेटवर्क में आपस में जुड़े हुए इन कंप्यूटर्स के द्वारा कई नेटवर्क Resources को साझा किया जाता है, जैसे Printer, Scaner, Software, File Server आदि। 

कंप्यूटर नेटवर्क के प्रकार (Types Of Computer Network)

दोस्तों अगर बात करें कंप्यूटर नेटवर्क के Types की तो एक नेटवर्क को कई विभिन्न पैमाने और श्रेणियाँ में विभाजित किया जा सकता है। वही यहां नेटवर्क की आवश्यकता और भौगोलिक स्थिति पर निर्भर करता है। 

दोस्तों, आपको बता दें कंप्यूटर नेटवर्क के कई प्रकार है, जिनकी आपको अपने घर या फिर ऑफिस के लिए आवश्यकता हो सकती है। आइए जानते हैं, कंप्यूटर नेटवर्क कितने प्रकार के होते हैं। 

1. Local Area Network (LAN)

दोस्तों , अगर बात करें इस नेटवर्क की तो यहां निचले स्तर, या फिर कम दूरी पर इस्तेमाल होने वाले नेटवर्क डिवाइस को कनेक्ट करता है।

सामान्य तौर पर इसका इस्तेमाल दफ्तरों, स्कूलों, घर या फिर छोटी छोटी कंपनियों में होता है। आसान भाषा में कहें तो यहां Short Distance नेटवर्क डिवाइस को आपस में जोड़ने का काम करता है। 

2. Metropolitan Area Network (MAN)

इस नेटवर्क की Network Sharing Range, LAN यानी लोकल एरिया नेटवर्क से ज्यादा होती है, यह नेटवर्क एक से दूसरे शहर को जोड़ने का काम करता है,

इसकी सहायता से अगर किसी कंपनी का ऑफिस दूसरे शहर में है और उसकी ब्रांच दूसरे शहर में, तो वहां अपने डिवाइस से माध्यम से एक दूसरे के साथ connect होकर डाटा शेयरिंग कर सकते हैं।

3. Wide Area Network (WAN)

दोस्तों, अगर बात करें WAN यानि Wide Area Network की तो इसकी Data Sharing Range काफी ज्यादा होती है, इसका उपयोग किसी एक शहर से दूसरे शहर या फिर एक देश से दूसरे देश में कम्युनिकेट करने या फिर डेटा को ट्रांसफर करने के लिए उपयोग किया जाता है। 

जैसा कि हमने आपको बताया इसकी नेटवर्क रेंज काफी ज्यादा होती है। यह नेटवर्क अपने से मिलने जुलने वाले सभी नेटवर्क को एक बार में ही कनेक्ट कर सकता है, इसका मुख्य उदाहरण आपके सामने “Enternet” मौजूद है। जिसके द्वारा आप कहीं भी कुछ भी संपूर्ण विश्व की जानकारी प्राप्त कर सकते हैं। 

4. Wireless Local Area Network (WLAN)

अगर बात करे इस नेटवर्क की तो यह wireless यानि बिना wire या cable के काम करता हे। इसकी मदद से हम Wifi के जरिये एक Device से दूसरे डिवाइस को connect कर सकते हे।

दोस्तों आपको बता दे यह नेटवर्क बिलकुल LAN की तरह ही काम करता है, लेकिन इस नेटवर्क में wire नहीं होते है। 

5. Personal Area Network (PAN)

दोस्तों, PAN यानि Personal Area Network जैसा कि इसके नाम से ही पता चल रहा है, कि यहां एक प्रकार का पर्सनल और प्राइवेट नेटवर्क होता है। इसके माध्यम से किसी भी निजी कंप्यूटर, टेबलेट या मोबाइल आदि के डाटा को एक डिवाइस से दूसरे डिवाइस पर साझा किया जाता है। 

दोस्तों, आपको बता दें Personal Area Network में wireless radio waves का उपयोग किया जाता है। इसका मुख्य उदाहरण आप Bluetooth को ले सकते हैं। 

6. Storage Area Network (SAT)

यह नेटवर्क High Speed Data को ट्रांसफर करने में उपयोग किया जाता है, इसकी सहायता से किसी भी डाटा को एक जगह से दूसरी जगह भेजने का कार्य किया जाता है। जो कि बहुत जल्द पूरा कर देता है।

मल्टीपल सर्वस डिवाइस के द्वारा एक्सेस किया जाता है, जिसकी मदद से किसी भी डिवाइस पर एक ही बार में संपूर्ण डाटा ट्रांसफर हो जाता है। 

7. Campus Area Network (CAN)

Campus Area Network (CAN) को Corporate Area Network के नाम से भी जाना जाता हैं। यह एक प्रकार का मल्टीपल लोकल एरिया नेटवर्क होता है, जो कि सिर्फ लिमिटेड एरिया को कनेक्ट करता है, इसका उपयोग सामान्य तौर पर ऑफिस, कॉलेज, स्कूल आदि में किया जाता है। 

तो दोस्तों यह थे कुछ कंप्यूटर नेटवर्क के प्रकार, उम्मीद है आप समझ गए होंगे कि कंप्यूटर नेटवर्क कितने प्रकार के होते हैं, और कहां-कहां उपयोग किए जाते हैं। आइये अब हम बात करते हैं Network Topology के बारे में, कि यह क्या है?

नेटवर्क टोपोलॉजी क्या है? What is Network Topology

दोस्तों, Network Topology का अर्थ होता है, किसी भी कंप्यूटर को आपस में विभिन्न प्रकार से जोड़ना, और इसे कंप्यूटर नेटवर्क की भाषा में नेटवर्क टोपोलॉजी कहते हैं। दूसरे शब्दों में हम इसे नेटवर्क आकृति भी कह सकते हैं।

जिसमें यहां तय किया जाता है, कि नेटवर्क का डिजाइन कैसा होगा और इससे जुड़े हुए nodes के बिच Data किस तरह ट्रांसफर होगा। 

सामान्य तौर पर टोपोलॉजी दो प्रकार की होती है- एक Physical Topology और दूसरी Logical Topology आइए इस बारे में और अधिक जानते हैं। 

1. Physical Topology

Physical Topology- का अर्थ नेटवर्क हार्डवेयर संरचना से है, जैसे कि नेटवर्क में हार्डवेयर एक दूसरे के साथ जुड़े होते हैं, यानी इसमें वे सभी चीजें आती है, जो एक नेटवर्क को क्रिएट करने में लगती है। जैसे केबल द्वारा कंप्यूटर और स्विच आपस में जुड़े होते हैं, आदि। 

2. Logical Topology

दोस्तों, Logical Topology में नेटवर्क के डाटा कम्युनिकेशन को दर्शाया जाता है। वही सरल भाषा में कहें तो फिजिकल टोपोलॉजी में हार्डवेयर आपस में जुड़े होते हैं, यहां देखा जाता है।

लेकिन लॉजिकल टोपोलॉजी में उन हार्डवेयर के बीच डाटा कैसे ट्रांसफर हो रहा है, यहां सब देखा जाता है। 

Network Topology के प्रकार

Bus Topology

दोस्तों बस टोपोलॉजी के अंतर्गत कंप्यूटर और नेटवर्क डिवाइसेज आपस में एक सिंगल केबल के साथ जुड़े होते हैं, इस केबल के दो सिरे होते हैं, जिसे बैकबोन केबल भी कहा जाता है, यह टोपोलॉजी सिर्फ एक दिशा में डाटा को ट्रांसफर कर सकती है। 

Star Topology

दोस्तों, स्टार टोपोलॉजी सामान्य तौर पर सबसे ज्यादा इस्तेमाल की जाने वाली नेटवर्क टोपोलॉजी के अंतर्गत आती है। स्टार टोपोलॉजी में हर एक कंप्यूटर स्विच से जुड़ा होता है। जिसमें स्विच और कंप्यूटर को इथरनेट केबल से जोड़ा जाता है, यहां हर एक कंप्यूटर के लिए अलग-अलग केबल होती है। 

Ring Topology

अगर बात करें रिंग टोपोलॉजी की तो इसे Ring नेटवर्क के नाम से भी जाना जाता है।, यह रिंग नेटवर्क गोलाकार में होता है, हर कंप्यूटर में दो लेन कार्ड होते हैं, और हर एक कंप्यूटर दूसरे कंप्यूटर के साथ जुड़ा होता है।

यहां एक कंप्यूटर केबल के आगे वाले सिरे और दूसरे पीछे वाले सिरे से जुड़े होते हे, और इस तरह से हर एक कंप्यूटर का आपस में संपर्क बना होता है। 

Mesh Topology

इस टोपोलॉजी के अंतर्गत हर एक कंप्यूटर और नेटवर्क डिवाइसेज एक दूसरे के साथ कनेक्ट होते हैं, इसमें यदि कोई कनेक्शन डाउन भी होता है, तो दूसरा नेटवर्क डिस्टर्ब नहीं होता है। Mesh टोपोलॉजी का इस्तमाल सामान्य तौर पर वायरलेस नेटवर्क में किया जाता है।

Mesh टोपोलॉजी को सामान्य तौर पर दो भागों में बांटा गया है, पहला Fully Connected Mesh टोपोलॉजी और दूसरा Partially Connected Mesh टोपोलॉजी। 

Fully Connected Mesh टोपोलॉजी में प्रत्येक कंप्यूटर को एक दूसरे के साथ जोड़ा जाता है। 

वही Partially Connected Mesh टोपोलॉजी के अंतर्गत कंप्यूटर एक दूसरे के साथ जुड़े नहीं रहते हैं, बल्कि सभी कंप्यूटर को एक साथ में कनेक्ट ना करके अपनी जरूरत के हिसाब से कुछ ही कंप्यूटर को आपस में कनेक्ट किया जाता है। 

Tree Topology

जैसा कि इसके नाम से ही पता चलता है, कि यहां एक पेड़ के आकार का होता है। जब दो या दो से ज्यादा स्टार टोपोलॉजी को बस टोपोलॉजी की मदद से आपस में जोड़ दिया जाता है, तो वहां नेटवर्क Tree Topology बन जाता है। 

दोस्तों, स्टार नेटवर्क में संपूर्ण कंप्यूटर अलग-अलग केबल की मदद से स्विच के साथ जुड़े होते हैं, और जब इन्हीं स्विच को एक केबल के द्वारा जिसे हम “बैकबोन केबल” कहते हैं, आपस में जोड़ दिया जाता है, तो वहां ट्री टोपोलॉजी बन जाती है। 

Hybrid Topology

Hybride Topology में सारे नेटवर्क टोपोलॉजी को आपस में जोड़ दिया जाता है, जैसे Bus, Star, Ring, Tree, Mesh टोपोलॉजी आदि। इन्हीं सभी नेटवर्क टोपोलॉजी से मिलकर Hybrid Topology बनती है। 

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हमने क्या सीखा

दोस्तों इस पोस्ट के माध्यम से हमने Computer Network क्या है? यह कैसे काम करता है? इसके कितने प्रकार होते हैं? साथ ही Network Topology और उसके प्रकार के बारे में जाना। 

आशा करता हूं, आप को कंप्यूटर नेटवर्क से जुड़ी यहां जानकारी पसंद आई होगी। यदि हाँ तो इसे अपने दोस्तों और सोशल मीडिया पर शेयर जरूर करें, ताकि वह भी इस विषय में जान सकें। वही अगर आपका इससे जुड़ा कोई प्रश्न है, तो आप हमसे कमेंट करके पूछ सकते हैं। 

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नमस्कार दोस्तों, मेरा नाम राज प्रजापति है,में कंप्यूटर साइंस का विद्यार्थी हूँ और साथ में ब्लॉग्गिंग भी करता हूँ, में इस ब्लॉग पर टेक्नॉलजी, डिजिटल मार्केटिंग,मोबाइल, कंप्यूटर, ब्लॉग्गिंग, मेक मनी ऑनलाइन जैसे विषयो पर अपने नॉलेज और पूरी रीसर्च के साथ हिंदी में जानकारी शेयर करता हूँ.

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